लखपति दीदी योजना का लक्ष्य 6 करोड़: 2029 तक ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक सशक्तिकरण का संकल्प

लखपति दीदी योजना

Deendayal Antyodaya Yojana – National Rural Livelihoods Mission के अंतर्गत संचालित लखपति दीदी योजना को केंद्र सरकार ने नया विस्तार देते हुए इसका लक्ष्य दोगुना कर दिया है। अब मार्च 2029 (वित्त वर्ष 2029-30) तक 6 करोड़ लखपति दीदी योजना तैयार करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। यह घोषणा 13 फरवरी 2026 को प्रधानमंत्री द्वारा महत्वपूर्ण फाइलों पर हस्ताक्षर के साथ की गई।

भारत सरकार ने ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए लखपति दीदी योजना का लक्ष्य बढ़ाकर 6 करोड़ कर दिया है। यह योजना Deendayal Antyodaya Yojana – National Rural Livelihoods Mission (DAY-NRLM) के तहत संचालित की जा रही है, जिसका उद्देश्य स्वयं सहायता समूह (SHG) से जुड़ी महिलाओं को स्थायी आय के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना है। सरकार पहले 3 करोड़ लखपति दीदी बनाने के लक्ष्य को समय से पहले पूरा कर चुकी है, जिसके बाद अब मार्च 2029 तक 6 करोड़ महिलाओं को इस श्रेणी में शामिल करने का नया लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

लखपति दीदी वह महिला मानी जाती है, जिसकी वार्षिक पारिवारिक आय कम से कम ₹1 लाख या उससे अधिक हो और यह आय स्वरोजगार या सूक्ष्म उद्यम गतिविधियों से प्राप्त होती हो। वर्ष 2026 के रोडमैप में वित्तीय समावेशन, बैंक ऋण सुविधा, बीमा कवर, डिजिटल भुगतान को बढ़ावा, तथा “SHE Marts” जैसे बाजार प्लेटफॉर्म स्थापित करने पर विशेष जोर दिया गया है। इस पहल के माध्यम से सरकार न केवल महिलाओं की आय बढ़ाना चाहती है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने का लक्ष्य रखती है।

नीचे योजना से जुड़ी सभी प्रमुख जानकारियाँ बिंदुवार दी जा रही हैं:

1. लखपति दीदी योजना क्या है?

  • लखपति दीदी योजना वह महिला है जो स्वयं सहायता समूह (SHG) की सदस्य हो।
  • उसके परिवार की सालाना आय कम से कम ₹1 लाख या उससे अधिक हो।
  • यह आय स्थायी और आजीविका आधारित गतिविधियों से प्राप्त होनी चाहिए।

2. अब तक की उपलब्धि (फरवरी 2026 तक) लखपति दीदी योजना

  • सरकार ने मूल लक्ष्य 3 करोड़ लखपति दीदी योजना का आंकड़ा मार्च 2027 की समयसीमा से एक वर्ष पहले 2025 में ही पूरा कर लिया।
  • वर्तमान में 3 करोड़ से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं
  • लगभग 10.5 करोड़ महिलाएं 9.1 करोड़ स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से जुड़ी हुई हैं।
  • करीब ₹1.5 लाख करोड़ की बैंक लिंक्ड वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई गई।
  • लगभग 5 करोड़ लोगों को वित्तीय साक्षरता कार्यक्रमों से जोड़ा गया
  • करीब 7 करोड़ लाभार्थियों को बीमा कवर प्रदान किया गया।

3. नया लक्ष्य: 6 करोड़ लखपति दीदी योजना (मार्च 2029 तक)

प्रधानमंत्री द्वारा नया लक्ष्य निर्धारित किया गया है:

  • 6 करोड़ लखपति दीदी योजना
  • समयसीमा: मार्च 2029
  • उद्देश्य: ग्रामीण महिलाओं की आय दोगुनी करना और आर्थिक आत्मनिर्भरता बढ़ाना

केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री Shivraj Singh Chouhan ने अधिकारियों को “युद्ध स्तर” पर काम करने का निर्देश दिया है।

4. 2026–2029 की रणनीति और रोडमैप

(1) वित्तीय समावेशन (Financial Inclusion)

  • कम से कम 10 करोड़ महिलाओं को वित्तीय समावेशन योजनाओं से जोड़ना
  • बैंक लिंकिंग, ऋण सुविधा, बीमा और पेंशन योजनाओं से कनेक्ट करना
  • लक्ष्य: SHG ऋण वितरण के तहत ₹1.5 लाख करोड़ से अधिक का क्रेडिट सपोर्ट

(2) विविध आजीविका (Diversified Livelihoods)

महिलाओं को एक से अधिक आय स्रोत अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा:

  • कृषि आधारित गतिविधियाँ
  • पशुपालन
  • दुग्ध उत्पादन
  • लघु उद्योग
  • खाद्य प्रसंस्करण
  • हस्तशिल्प व कुटीर उद्योग

(3) क्षमता निर्माण (Capacity Building)

  • कैस्केड ट्रेनिंग स्ट्रेटेजी” अपनाई जाएगी
  • राज्य व केंद्रशासित प्रदेशों में प्रशिक्षण व हैंडहोल्डिंग
  • उद्यमिता कौशल, डिजिटल भुगतान और बाजार प्रबंधन का प्रशिक्षण

(4) बाजार सहायता – SHE Marts

  • बजट 2026-27 में “Self-Help Entrepreneur (SHE) Marts” की घोषणा
  • क्लस्टर स्तर पर सामुदायिक खुदरा स्टोर
  • SHG उत्पादों की बिक्री को बढ़ावा

(5) डिजिटल लेन-देन को बढ़ावा

  • हालिया मेलों में 450 से अधिक स्टॉल पर QR कोड से भुगतान
  • डिजिटल भुगतान को अनिवार्य रूप से बढ़ावा
  • UPI आधारित लेनदेन प्रणाली

(6) एनपीए (NPA) कम करना

  • SHG ऋण का NPA स्तर 1% से नीचे रखने का लक्ष्य
  • बैंकिंग अनुशासन और वित्तीय साक्षरता पर जोर

प्रधानमंत्री द्वारा घोषित अन्य प्रमुख निर्णय (13 फरवरी 2026)

1. PM RAHAT योजना

  • सड़क दुर्घटना पीड़ितों को ₹1.5 लाख तक कैशलेस इलाज
  • उद्देश्य: इलाज के अभाव में किसी की मृत्यु न हो

2. कृषि अवसंरचना कोष (Agriculture Infrastructure Fund)

Agriculture Infrastructure Fund

  • ऋण लक्ष्य ₹1 लाख करोड़ से बढ़ाकर ₹2 लाख करोड़
  • कृषि मूल्य श्रृंखला को मजबूत करना

3. Startup India Fund of Funds 2.0

Startup India Fund of Funds Scheme

  • ₹10,000 करोड़ का कोष
  • डीप टेक, एडवांस मैन्युफैक्चरिंग और स्टार्टअप्स को प्रोत्साहन

योजना का व्यापक प्रभाव

  • ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती
  • महिलाओं की आय और सामाजिक स्थिति में सुधार
  • आत्मनिर्भर भारत की दिशा में कदम
  • SHG आंदोलन को नई ऊंचाई

ग्रामीण विकास मंत्री ने स्पष्ट किया कि सफलता केवल संख्या से नहीं, बल्कि महिलाओं के स्थायी आर्थिक सशक्तिकरण और जीवन स्तर में सुधार से मापी जाएगी।

Author

  • Ashu

    Ashu ek dedicated government schemes aur yojana content researcher hain jo pichle kai saalon se Bharat ki rajya aur kendriya sarkari yojanaon par kaam kar rahe hain. Inka focus simple language me verified aur updated jankari dena hai taaki aam log bina confusion ke sahi benefit le saken.

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